नई दिल्ली । दूध और दूध उत्पादों के निर्यातकों को निर्यात गुणवत्ता मानकों को लेकर सरकारी एजेंसी से प्रमाणपत्र लेना अनिवार्य होगा। वाणिज्य मंत्रालय के एक आदेश के अनुसार उसने यह भी अधिसूचित किया है कि दूध और दूध उत्पादों का निर्यात गुणवत्ता नियंत्रण या जांच अथवा दोनों पर निर्भर करेगा। यह उन मामलों में लागू होगा जहां आयातक देशों को इस प्रकार के निर्यात प्रमाणपत्र की जरूरत है। मंत्रालय द्वारा अधिसूचित नियमों के अनुसार दूध और दूध उत्पाद अगर मानदंडों का अनुपालन नहीं करते हैं, उनके निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा। वाणिज्य मंत्रालय ने कहा कि निर्यात जांच परिषद (ईआईसी) से परामर्श के बाद केंद्र सरकार की यह राय है कि निर्यात व्यापार में तेजी लाने के लिए यह जरूरी है। इसलिए दूध और दूध उत्पाद अगर निर्धारित मानदंडों का अनुपालन नहीं करेंगे, उनके निर्यात को प्रतिबंधित किया जाएगा। निर्यात के लिए सभी दूध और दूध उत्पाद निर्यात गुणवत्ता प्रमाणपत्र से युक्त होंगे। इसे एजेंसी जारी करेगी। निर्यात जांच एजेंसियों का गठन केंद्र सरकार ने किया है। वाणिज्य मंत्रालय ने संशोधित दूध और दूध उत्पाद निर्यात नियम भी जारी किया है। इसमें दूध और दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए साफ-सफाई की जरूरतों का जिक्र किया गया है।














