लंदन । ब्रिटेन में मंगलवार से कोरोना को वैक्सीनेशन शुरू हो रहा है। इसके पहले हॉस्पिटल तक वैक्सीन पहुंचाने के लिए खास इंतजाम किए जा रहे हैं। इसी बीच खुफिया एजेंसियों ने बोरिस जानसन सरकार को जानकारी दी है, कि अपराधियों का गैंग वैक्सीन तक पहुंच सकता है। इसकारण कोरोना वैक्सीन को लेकर खास सतर्कता बरती जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, कोरोना वैक्सीन के लिए सुरक्षा बढ़ा दी गई है। ब्रिटिश मीडिया में कोरोना वैक्सीन को लिक्विड गोल्ड भी कहा जा रहा है। लिक्विड गोल्ड की डिलिवरी करने वाले ट्रक जीपीएस ट्रैकिंग से लैस किए जा रहे हैं, लॉकिंग सिस्टम और अलार्म भी लगाए गए हैं। ब्रिटेन में वैक्सीन की सप्लाई पर नजर रखने के लिए सेंट्रल मॉनिटरिंग स्टेशन बनाया गया है। करीब 50 हॉस्पिटल में वैक्सीनेशन शुरू किया जा रहा है। फाइजर कंपनी ने बेल्जियम से ब्रिटेन को वैक्सीन की डिलीवरी की है।
रिपोर्ट के मुताबिक, वैक्सीनेशन प्रोग्राम के लिए 14 हजार सैनिकों को तैयार रखा गया है, और उन्हें किसी भी वक्त काम पर लगाया जा सकता है। वहीं, इंटरपोल ने विभिन्न देशों को चेतावनी दी है कि अपराधी लूट को अंजाम दे सकते हैं। इंटरपोल का कहना है कि अपराधियों का समूह वैक्सीन के सप्लाई चेन में बाधा डाल सकता है। इंटरपोल के सेक्रेटरी जनरल जुर्गन स्टॉक ने कहा है कि सीमित सप्लाई और भारी मांग की वजह से अपराधियों की नजर में कोरोना वैक्सीन की वैल्यू लिक्विड गोल्ड के बराबर हो गई है। स्कॉटलैंड यार्ड के एक पूर्व जांचकर्ता ने कहा कि अपराधी वैक्सीन से भरी गाड़ी हाइजैक कर सकते हैं और बदले में पैसे मांग सकते हैं।














