समाज सेवा करना एक बहुत ही पुण्य का कार्य माना जाता है, और कुछ लोग इस काम को निःस्वार्थ भाव से करते हैं। ऐसी ही एक प्रेरणादायी और समाज के प्रति समर्पित व्यक्तित्व हैं डॉ. मनीषा जोशी, जो Devayaa- A Society for Welfare of Women and Children नामक गैर-सरकारी संस्था (NGO) की संस्थापक और निदेशक हैं। डॉ. मनीषा जोशी ने इतिहास और मानव संसाधन प्रबंधन में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की है। पढ़ाई के साथ-साथ उनका सामाजिक क्षेत्र में भी गहरा अनुभव है और वे लंबे समय से महिलाओं, बच्चों और दिव्यांग व्यक्तियों के कल्याण के लिए कार्य कर रही हैं।
उनकी संस्था Devayaa- A Society for Welfare of Women and Children विशेष रूप से उन लोगों के लिए कार्य कर रही है, जो किसी न किसी रूप से समाज में पिछड़ गए हैं, जैसे कि आर्थिक रूप से कमजोर महिलाएं, दिव्यांग बच्चे और जरूरतमंद लोग। संस्था द्वारा चलाया जा रहा कौशल विकास केंद्र (Skill Development Centre) महिलाओं और दिव्यांग बच्चों के लिए बहुत ही लाभकारी साबित हो रहा है। इस केंद्र के माध्यम से महिलाओं को सिलाई, कढ़ाई, और अन्य प्रकार के हुनर सिखाए जाते हैं, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और अपने परिवार की आर्थिक मदद भी कर सकें। दिव्यांग बच्चों को भी विभिन्न प्रकार की ट्रेनिंग देकर उन्हें एक बेहतर भविष्य की दिशा में बढ़ने का मौका दिया जाता है। इसके अलावा, यह संस्था जरूरतमंद मरीजों और दिव्यांग व्यक्तियों को व्हीलचेयर, वॉकर और अन्य सहायक उपकरण भी निःशुल्क देती है। ये चीजें उन लोगों के लिए बहुत बड़ी मदद साबित होती हैं, जो अपने इलाज या दैनिक जीवन के कामों में शारीरिक रूप से सक्षम नहीं हैं।
डॉ. मनीषा जोशी की संस्था न केवल प्रशिक्षण और उपकरण देती है, बल्कि समाज में जागरूकता फैलाने वाले कार्यक्रमों का भी आयोजन करती है।
कुछ प्रमुख कार्यक्रम जो संस्था ने सफलतापूर्वक आयोजित किए:
ऑपरेशन सिंदूर के अंतर्गत, संस्था ने वीएमएमसी (VMMC) और सफदरजंग अस्पताल के साथ मिलकर रक्तदान शिविर (Blood Donation Camp) का आयोजन किया। यह शिविर समाज के उन लोगों के लिए था, जिन्हें इलाज के लिए खून की जरूरत पड़ती है। ऐसे शिविरों के माध्यम से बहुत से लोगों की जान बचाई जा सकती है।
पर्यावरण की रक्षा और प्रकृति के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए, विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर वृक्षारोपण कार्यक्रम भी संस्था ने आयोजित किया। इस कार्यक्रम में सफदरजंग अस्पताल के सहयोग से कई पौधे लगाए गए, जो आने वाले समय में हरियाली और स्वच्छता बनाए रखने में मदद करेंगे।
स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी संस्था ने बहुत अहम कदम उठाए हैं। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर संस्था ने 10 दिनों का विशेष योग कार्यक्रम ‘योग समावेश’ का आयोजन किया। यह कार्यक्रम विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं और अस्पताल में इलाज करा रहे मरीजों के लिए रखा गया था। योग से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों में सुधार आता है, और यही उद्देश्य इस कार्यक्रम का भी था।
इस योग समावेश कार्यक्रम में 1250 से अधिक मरीजों ने भाग लिया और उन्हें योग के माध्यम से बहुत से स्वास्थ्य लाभ प्राप्त हुए। यह कार्यक्रम वीएमएमसी और सफदरजंग अस्पताल के साथ मिलकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
डॉ. मनीषा जोशी का उद्देश्य केवल सहायता करना नहीं, बल्कि लोगों को स्वावलंबी बनाना और उन्हें आत्मसम्मान से जीने के काबिल बनाना है। उनका कार्य आज के समाज के लिए एक उदाहरण है कि अगर इच्छाशक्ति हो तो कोई भी व्यक्ति समाज में बड़ा बदलाव ला सकता है।
उनकी संस्था देवाया आज सैकड़ों महिलाओं, बच्चों और दिव्यांग व्यक्तियों के जीवन में नई रोशनी लेकर आई है। डॉ. मनीषा जोशी और उनकी पूरी टीम को इस नेक कार्य के लिए बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएं। हम सबको उनसे प्रेरणा लेनी चाहिए और समाज सेवा के कार्यों में आगे आना चाहिए।,
Devayaa- A Society for Welfare of Women and Children संस्था – एक कदम सशक्त और समर्पित समाज की ओर।